ChhattisgarhFeatured

बदलाव की राह पर बस्तर : कोरबा की महिला पत्रकारों ने देखी नई तस्वीर

नक्सल प्रभाव घटा, विकास और विश्वास का माहौल मजबूत—दौरे से लौटकर पत्रकारों ने साझा किए अनुभव

कोरबा। कभी नक्सल हिंसा और भय के लिए पहचाने जाने वाला बस्तर (Bastar ) अब बदलाव, विकास और विश्वास की नई मिसाल बनता नजर आ रहा है।

इस बदले हुए बस्तर को करीब से देखने और समझने के लिए कोरबा की महिला पत्रकारों की टीम ने हाल ही में बस्तर का दौरा किया। यात्रा से लौटने के बाद पत्रकारों ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि अब बस्तर में शांति, विकास और जनविश्वास का नया वातावरण स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है।

दौरे के दौरान महिला पत्रकारों की टीम की मुलाकात बस्तर आईजी सुंदरराज पी से हुई। उन्होंने जानकारी दी कि केंद्र और राज्य सरकार की सशक्त नीति, सुरक्षा बलों की सतत कार्रवाई और ग्रामीणों के बीच विश्वास कायम करने के प्रयासों से नक्सल प्रभाव में लगातार कमी आई है। उन्होंने बताया कि अब बड़ी संख्या में लोग आत्मसमर्पण कर समाज की मुख्यधारा से जुड़ रहे हैं।

यात्रा के दौरान टीम दंतेवाड़ा पहुंची, जहां उन्होंने मां दंतेश्वरी मंदिर में दर्शन किए। इसके साथ ही बारसूर सहित कई क्षेत्रों का भ्रमण किया। अधिकारियों ने बताया कि जिन इलाकों में कभी भय और असुरक्षा का माहौल था, वहां अब सामान्य जनजीवन लौट आया है और विकास कार्य तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।

सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार जैसे क्षेत्रों में भी सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहे हैं। महिला पत्रकारों ने कहा कि बस्तर की नई तस्वीर बेहद प्रेरणादायक है और यहां के लोगों में भविष्य को लेकर नई उम्मीद दिखाई देती है। उन्होंने कहा कि यह यात्रा केवल एक भ्रमण नहीं, बल्कि बस्तर के वास्तविक परिवर्तन को समझने का एक महत्वपूर्ण अवसर रही।

इस बस्तर दौरे में मुस्कान भंडारी, प्रतिमा सरकार, रेणु जायसवाल, रजनी चौहान, आशा ठाकुर सहित अन्य महिला पत्रकार शामिल रहीं।

Related Articles

Back to top button